Category: कबीर के दोहे

कबीर के दोहे

कबीर दोहे हिंदी में – भक्ति प्रतिक

कामी क्रोधी लालची, इनसे भक्ति ना होय। भक्ति करै कोई सूरमा, जाति बरन कुल खोय॥ अर्थ (Meaning in Hindi): कामी क्रोधी लालची – कामी (विषय वासनाओ में लिप्त रहता है),…

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कबीर के दोहे

कबीर के दोहे – गुरू महिमा- हिन्दी अर्थ सहित

गुरु गोविंद दोऊँ खड़े, काके लागूं पांय। बलिहारी गुरु आपने, गोविंद दियो बताय॥ अर्थ (Meaning in Hindi): गुरु गोविंद दोऊ खड़े – गुरु और गोविन्द (भगवान) दोनों एक साथ खड़े…

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